समस्तीपुर जिले से होकर जल्द ही भारत गौरव पर्यटन ट्रेन गुजरेगी।
‘देखो अपना देश – एक भारत श्रेष्ठ भारत’ योजना के तहत यह विशेष ट्रेन दक्षिण भारत के धार्मिक स्थलों और ज्योतिर्लिंगों के दर्शन के लिए चलाई जा रही है।
आईआरसीटीसी के डिप्टी जनरल मैनेजर राजेश कुमार ने बताया कि यह ट्रेन 5 दिसंबर को सहरसा से रवाना होगी।
🛤️ ये रहेगा ट्रेन का रूट
यह ट्रेन सहरसा, सुपौल, निर्मली, झंझारपुर, दरभंगा, समस्तीपुर, मुजफ्फरपुर, हाजीपुर, पाटलिपुत्र, आरा, बक्सर, दिलदारनगर, पंडित दीनदयाल उपाध्याय, प्रयागराज और छिवकी के रास्ते तिरुपति पहुंचेगी।
यात्रा के दौरान श्रद्धालु तिरुपति बालाजी, रामेश्वरम के रामनाथ स्वामी ज्योतिर्लिंग, मदुरै के मीनाक्षी मंदिर, कन्याकुमारी मंदिर, विवेकानंद रॉक मेमोरियल, तिरूवनंतपुरम के पद्मनाभ स्वामी मंदिर और मल्लिकार्जुन ज्योतिर्लिंग के दर्शन कर सकेंगे।
🌏 घरेलू पर्यटन और संस्कृति एकता को बढ़ावा
राजेश कुमार ने बताया कि इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य घरेलू पर्यटन को बढ़ावा देना और देश की सांस्कृतिक एकता को मजबूत करना है।
यह यात्रा बिहार और पूर्वी भारत के श्रद्धालुओं को दक्षिण भारत की आध्यात्मिक और सांस्कृतिक धरोहर से जोड़ने का अनोखा अवसर प्रदान करेगी।
🚉 ट्रेन में एसी कोच और धार्मिक सुविधाएं भी शामिल
इस बार यात्रियों की सुविधा के लिए ट्रेन में स्लीपर, थर्ड एसी और कंफर्ट एसी-2 श्रेणी जोड़ी गई है।
सभी तीर्थ स्थलों पर यात्रियों के ठहरने के लिए एसी और सामान्य कमरे की व्यवस्था की जाएगी।
साथ ही, यात्रा के दौरान यात्रियों की स्वास्थ्य देखभाल के लिए डॉक्टरों की टीम भी साथ रहेगी।
ट्रेन की एक बोगी में मंदिर जैसी व्यवस्था की गई है, जहां यात्री भजन-कीर्तन और पूजा-अर्चना कर सकेंगे।
🛕 यात्रा की मुख्य विशेषताएं
- दक्षिण भारत के प्रमुख मंदिरों का दर्शन
- सुरक्षित और आरामदायक यात्रा
- भोजन, ठहराव और चिकित्सा सुविधा
- ट्रेन में भजन-कीर्तन के लिए मंदिर व्यवस्था
- “देखो अपना देश” योजना के तहत सांस्कृतिक एकता का संदेश
ये भी पढ़ें–
- समस्तीपुर में डीएम ने स्ट्रॉन्ग रूम का किया निरीक्षण, तीन लेयर सुरक्षा की समीक्षा — 14 नवंबर को होगी वोटों की गिनती
- समस्तीपुर में तेज रफ्तार ट्रैक्टर ने बाइक सवार युवक को रौंदा, इलाज के दौरान हुई मौत